मंगलवार को टेक्सास के डलास स्टेडियम में फ्रांस का लगातार तीसरा बार फीफा वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंचने का सपना टूट गया क्योंकि स्पेन ने 2-0 से मुकाबला अपने नाम किया और वर्ल्ड कप इतिहास में केवल दूसरी बार खिताबी मुकाबले में जगह बनाई. स्पेन के लिए पहले हाफ में मिकेल ओयारज़ाबल ने पेनल्टी पर गोल किया और स्पेन को 1-0 की बढ़त दिलाई. जबकि पेड्रो पोरो ने दूसरे हाफ में इसे 2-0 कर दिया. पूरे मुकाबले में स्पेन के मिडफील्डर ने फ्रांस के शानदार अटैक को पूरी तरह से रोक दिया. फाइनल में स्पेन का सामना अर्जेंटीना और इंग्लैंड के बीच होने वाले सेमीफाइनल की विजेता टीम से होगा.
फ्रांस नहीं लगा पाया फाइनल की हैट्रिक
डिडियर डेसचैम्प्स की टीम को ट्रॉफ़ी जीतने का प्रबल दावेदार माना जा रहा था, लेकिन सेमीफ़ाइनल में उनका सामना यूरोपियन चैंपियन से हुआ, जिसने फ्रांस का सफर थाम दिया. ज़बरदस्त अटैकिंग क्षमता होने के बावजूद, हैरान-परेशान फ्रांस की टीम मैच में वापसी का कोई रास्ता नहीं ढूंढ पाई.
स्पेन के कोच लुइस डे ला फुएंते ने कहा,”हमने लगभग चार साल पहले एक आइडिया के साथ शुरुआत की थी और हम उस आइडिया पर अडिग रहे, और उसी ने हमें यहां तक पहुंचाया है.” उन्होंने आगे कहा,”ये खिलाड़ी हर चीज़ के हकदार हैं. उन्होंने हर दिन अपना कमिटमेंट, एकजुटता, और टैलेंट दिखाया है. वे मुश्किल चीज़ों को भी आसान बना देते हैं.”
- फीफा रैंकिंग में शीर्ष पर मौजूद फ्रांस और उसके स्टार स्ट्राइकर किलियन एम्बाप्पे लगातार तीसरी बार विश्व कप फाइनल में पहुंचने वाली तीसरी टीम बनने की कोशिश कर रहे थे. लेकिन हार के बाद अब फ्रांस शनिवार को फ्लोरिडा के मियामी गार्डन्स में तीसरे स्थान के मुकाबले में उतरेगा.
